कमाटीपुरा में हुआ प्रसन्नचंद्र विजयजी म. सा. आदि ठाना दो का मंगल प्रवेश
मुंबई:महाराष्ट्र की नगरी के मुम्बई कामाठीपुरा स्थित राजस्थान श्वेताम्बर मूर्तिपूजक श्री नमिनाथ जैन संघ में पूज्य प्रसन्नचंद्र विजयजी म.सा. एवं नंदीसेन विजयजी म.सा. का सोमवार 20/07/26 आज ऐतिहासिक अद्भुत अलोकिक चातुर्मास प्रवेश प्रतिक्षा टोवर से गाजते बाजते नास्ते जुमते जयकारों की गुंज के साथ, महिलाओं के माथे पर सोमैया एंव मंगल गीत के साथ गुरूदेव का प्रवेश शुभारंभ हुआ।
गुरुदेव के जयकारे और इंद्रदेव की कृपा स्वरूप रिमझिम बारिश के बीच हजारों गुरु भक्तों ने श्रद्धा और उत्साह के साथ गुरुभगवंत का स्वागत किया। गुरुदर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और मार्ग के प्रत्येक स्थान पर भक्तिमय वातावरण एवं जयकारों की गुंज के साथ अद्भुत नजारा दिखाई दिया।

श्री नमिनाथ जैन संघ के प्रांगण से ढोल-नगाड़ों एवं गाजते बाजते के साथ विशाल एवं भव्य मंगल प्रवेश शोभायात्रा निकाली गई। श्रद्धालुओं ने गुरुभगवंत का वंदन-अभिनंदन करते हुए नगर प्रवेश कराया। संपूर्ण मार्ग धर्ममय और भक्तिमय वातावरण से गूंज उठा। शोभायात्रा फारस रोड, सुखलाजी स्ट्रीट तथा कामाठीपुरा के विभिन्न मार्गों से होती हुई शुभ स्थल तेलगुवाड़ी, 10वीं गली, कामाठीपुरा पहुँची, जहाँ धर्मसभा, सकल संघ स्वामी वात्सल्य एवं विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
पावन अवसर पर मुंबई सहित विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। तेलगुवाड़ी प्रांगण में गुरुदेव ने अपने ओजस्वी प्रवचन में जीवन की अनमोलता पर प्रकाश डालते हुए कहा। कि जिस प्रकार घड़ी की सुइयाँ निरंतर चलती रहती हैं। उसी प्रकार जीवन का समय भी निरंतर आगे बढ़ता रहता है। अतः प्रत्येक व्यक्ति को धर्म, संयम, सेवा और सदाचार के मार्ग पर चलकर अपने जीवन को सार्थक बनाना चाहिए।
गुरुदेव ने समाज में एकता और सद्भाव के महत्व पर भी प्रकाश डाला । श्री नेमिनाथ ट्रस्ट मंडल एवं संघ द्वारा प्रदर्शित संगठन एवं एकजुटता की सराहना की चातुर्मास प्रवेश करा यह भव्य आयोजन श्रद्धा, भक्ति और सामाजिक एकता का अनुपम उदाहरण बन गया।
गुरूदेव के गुरू पुजन के लाभार्थी परम गुरुभक्त संघवी मांगीलाल प्रभु बंदा मुथा बागोड़ा
व कांबली के लाभार्थी श्रीमती पवनीदेवी खिमचंद भंसाली बागोडा ने लाभ लिया।
नमिनाथ जैन संघ व समस्त ट्रस्टीगण, अध्यक्ष जोईत भंसाली,नरपत मोरसीम,राणमल सोनाग्रुप, एवम् ट्रस्टीगण आदि
उपस्थित थे। व हेदराबाद,सुरत अहमदाबाद, मद्रास, बरोड़ा, बैंगलोर, बड़नगर,खरसौदकला भायंदर,विरार,अंधेरी, बांद्रा,मोदरा,बोरिवली,
ताडदेव, भारतनगर,झाबुआ,बागोडा,मोरसीम,
आलासण,दादाल, सुराणा, सायला,गोल,मेंगलवा,
पांथडी व चातुर्मास प्रवेश पर चार-चांद लगाने में मुकेश चौधरी बागोडा,दिलिप भंसाली, दिलिप रानीवाड़ा, रमेश आलासण,धनराज देवड़ा,निलेश बागोडा,संजय भंसाली आकाश बड़नगर,शुभम कोठारी झाबुआ,के विक्रम सुराणा,उतम चौधरी,दिनेश व पत्रकार सुरेश भंसाली, विक्रम सुराणा के साथ देश भर से लगभग हजारों गुरुभक्त की उपस्थिति में ऐतिहासिक विशाल चातुर्मास मंगल प्रवेश सम्पन्न हुआ