कर्नाटक में कांग्रेस सरकार ने लगाईं गणेश चतुर्थी जुलूस पाबंदियां तो भड़की BJP
कर्नाटक में कांग्रेस सरकार ने लगाईं गणेश चतुर्थी जुलूस पाबंदियां तो भड़की BJP
डेस्क: कर्नाटक में विपक्ष के नेता आर अशोक ने रविवार को टी. नरसीपुरा गणपति जुलूस विवाद को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने जश्न पर लगाई गई पाबंदियों पर सवाल उठाया कि क्या हम पाकिस्तान में रह रहे हैं?
कर्नाटक में विपक्ष के नेता आर. अशोक ने टी. नरसीपुरा गणपति जुलूस विवाद को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने जश्न पर लगाई गई पाबंदियों पर सवाल उठाते हुए सवाल किया कि क्या हम भारत में हैं या पाकिस्तान में? यह सवाल हमें परेशान कर रहा है। अशोक ने यह बात बीजेपी के उस विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कही, जिसमें गणपति जुलूस से जुड़े बयान के कारण टी. नरसीपुरा के पुलिस इंस्पेक्टर धनंजय को सस्पेंड करने की मांग की जा रही थी।विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए, विपक्ष के नेता आर. अशोक ने कर्नाटक सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने गणपति जुलूस के आयोजकों के खिलाफ की गई कार्रवाई पर सवाल उठाए। अशोक ने कहा, 'क्या हम भारत में हैं या पाकिस्तान में? यह सवाल हमें परेशान कर रहा है। गणपति 3,000 साल पहले आए थे, मस्जिद 300 साल पहले बनी थी।'पुलिस पर धमकाने का आरोप
बीजेपी नेता ने आरोप लगाया कि मैसूरु के टी. नरसीपुरा में पुलिस अधिकारी ने गणेश उत्सव के आयोजकों को बुलाया और उन्हें धमकी दी कि वे किसी मस्जिद के पास न जाएं, कोई जुलूस न निकालें, पटाखे न फोड़ें और नारे न लगाएं। यह सिर्फ मैसूरु का मुद्दा नहीं है। ऐसा पूरे कर्नाटक में हो रहा है। पुलिस अधिकारी गणेश चतुर्थी के आयोजकों को बुलाकर उन्हें धमका रहे हैं।
पुलिस इंस्पेक्टर के सस्पेंशन की मांग
आर अशोक ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार गणपति उत्सव आयोजित करने वाले लोगों के लिए अनुमति लेने की शर्त रखकर मुश्किलें खड़ी कर रही है। उन्होंने कहा कि जिस इंस्पेक्टर ने ऐसा बयान दिया, उसे सस्पेंड किया जाना चाहिए। गणपति उत्सव अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई के दौरान शुरू हुआ था। अंग्रेजों ने गणपति उत्सव के लिए अनुमति लेने को नहीं कहा था।धरने पर बैठे प्रताप सिम्हा
बीजेपी नेताओं ने टी. नरसीपुरा सरकारी गेस्ट हाउस में मैसूरु के पुलिस अधीक्षक मल्लिकार्जुन बलादंडी, एएसपी, डीवाईएसपी और एसी सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मुलाकात की। यह बैठक इंस्पेक्टर को हटाने की पार्टी की मांग के बीच हुई। बीजेपी नेता प्रताप सिम्हा ने कहा कि जब तक इंस्पेक्टर धनंजय को सस्पेंड नहीं किया जाता, तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रताप सिम्हा ने कहा कि अगर इंस्पेक्टर धनंजय को सस्पेंड कर दिया जाता है तो हम धरना वापस ले लेंगे, वरना विरोध प्रदर्शन दिन-रात जारी रहेगा।पुलिस अफसरों ने दी सफाई
यह विवाद गणपति जुलूस पर इंस्पेक्टर के बयान से जुड़ा है, जिसके बाद बीजेपी नेताओं ने उन पर हिंदू धार्मिक आयोजनों को निशाना बनाने का आरोप लगाया। हालांकि, मैसूरु के SP मल्लिकार्जुन बलादंडी ने कहा कि पुलिस ने आयोजकों से सिर्फ जुलूस निकालने से पहले अधिकारियों को सूचित करने के लिए कहा था।
पिछली बार भव्य जुलूस के दौरान उन्होंने हमें जानकारी नहीं दी थी। वे हमें बताए बिना ही जुलूस के लिए निकल गए थे। इसलिए इस बार हमने उनसे बस जानकारी देने और जुलूस निकालने के लिए कहा है। हर साल की तरह, लिंक रोड पर जुलूस निकालने की अनुमति है।
मल्लिकार्जुन बलादंडी, एसपी
डीके शिवकुमार को निशाने पर लिया
अशोक ने कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि श्रीमान डीके शिवकुमार, गंगा नदी में डुबकी लगाने से आप हिंदू नहीं बन जाते। अब अपना असली हिंदुत्व दिखाएं। मैसूरु-कोडागु के सांसद यदुवीर वाडियार ने भी इंस्पेक्टर की टिप्पणी की आलोचना की और कहा कि इस विवाद ने टी. नरसीपुरा में गणपति उत्सव की ओर ज्यादा लोगों का ध्यान खींचा है।
यदुवीर वाडियार ने भी साधा निशाना
वाडियार ने कहा कि मैं उस इंस्पेक्टर का धन्यवाद करता हूं जिन्होंने यह बयान दिया। उन्होंने टी. नरसीपुरा के गणपति को पूरे राज्य में मशहूर कर दिया है। पहले सिर्फ स्थानीय लोग ही जुलूस निकालते थे, अब उन्होंने हम सभी को यहां आने पर मजबूर कर दिया है। इसलिए मैं उन्हें धन्यवाद देता हूं। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि पुलिस मैसूरु में गैर-कानूनी गतिविधियों के खिलाफ पर्याप्त कार्रवाई नहीं कर रही है और शहर में ड्रग्स से जुड़ी समस्याओं पर चिंता जताई। बीजेपी ने इंस्पेक्टर धनंजय को सस्पेंड करने की अपनी मांग माने जाने तक पुलिस स्टेशन के बाहर अपना विरोध-प्रदर्शन जारी रखने का फैसला किया है।